देवरिया!
![]() |
उत्तर प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री जयप्रकाश निषाद ने अधिकारियों तथा क्रय केंद्र प्रभारियों के साथ गेहूं खरीद की बैठक कर समीक्षा किया।राज्य मंत्री ने बैठक में क्रय केंद्र प्रभारियों से कहा कि सरकार के मंशा के अनुसार छोटे व मझौले किसानों के गेहूं शत प्रतिशत खरीदा जाएं। सरकार द्वारा 15 जून तक किसानों के गेहूं क्रय करने का आदेश है। केंद्र प्रभारी किसानों का रजिस्ट्रेशन कराना भी सुनिश्चित करें। एक भी किसान गेहूं बेचने से बंचित न रहे। किसी प्रकार की शिकायत बर्दास्त नहीं किया जाएगा ,अगर किसी के खिलाफ कोई शिकायत मिली तो कार्यवाही तय है।उन्होंने कहा कि किसानों को पर्याप्त बोरा उपलब्ध कराया जाये,अनाज तौल में ध्यान रखे आप सभी अगर गड़बड़ियों की शिकायत आयी तो एफआईआर दर्ज करा कार्यवाही की जायेगी।किसानों के हित के लिये सरकार प्रतिबद्ध है । इस अवसर पर एसडीएम संजीव उपाध्याय, नायब तहसीलदार हिमांशु, विश्वविजय निषाद, संगम धर दूबे सहित केंद्र प्रभारी व अधिकारी मौजूद रहे।
इसके बाद मीडिया प्रमुख भाजपा अम्बिकेश पाण्डेय के माध्यम से राज्यमंत्री जयप्रकाश निषाद ने कहा कि रुद्रपुर क्षेत्र को बाढ़ से निजाद के लिए 100 करोड़ के लागत से विभिन्न परियोजनाओं पर कार्य चल रहा है। जिसमे अमेरिका के टेक्नोलॉजी के अनुसार देश मे तीसरे व प्रदेश में पहले प्रोजेक्ट पर रुद्रपुर के सिलहटा व शीतलमाझा गांव के पास गोर्रा नदी पर कंक्रीट जियो मैट्स द्वारा पायलट प्रोजेक्ट लगभग 22 करोड़ के लागत से हो रहा है। वही गोर्रा नदी के पचलड़ी बेलवा के पास जियो बैग द्वारा 2 करोड़ 76 लाख के लागत से बाढ़ बचाव कार्य प्रगति पर है। भुसवल पिडरा तटबन्ध पर भुसवल के पास 5 करोड़ 81 लाख के लागत से बोल्डर पिचिंग का कार्य चल रहा है।राप्ती नदी के तिघरा मराछि बाढ़ पर भेड़ी गांव के पास कटान बचाव कार्य 8 करोड़ 51 लाख के लागत से चल रहा है। वही पचलड़ी बेलवा तिघरा बाढ़ मार्ग की ऊँचाई चौड़ीकरण व पिचिंग का कार्य 9 करोड़ के लागत से हो रहा है। मदनपुर केवटलिया बाढ़ पर रोड पिचिंग कार्य 3 करोड़ के लागत से हो रहा है। वही द्वाबा में बरसात के पानी से हो रहे फसल बर्बाद को रोकने के लिए मा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी एवं जलशक्ति मंत्री महेन्द्र सिंह को प्रस्ताव देकर समरबेल लगाने की स्वीकृति के बाद विभाग को स्टीमेट बनाने के लिए आया।







0 comments:
एक टिप्पणी भेजें