देवरिया 17 जनवरी।जिला समाज कल्याण अधिकारी (विकास) एवं जिला प्रबंधक उत्तर प्रदेश अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम लिमिटेड राम जनम ने बताया कि निगम द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत वितरित ऋणों की वसूली हेतु लागू एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) की अवधि बढ़ा दी गई है। योजना अब 31 मार्च 2026 तक प्रभावी रहेगी।
उन्होंने बताया कि निगम मुख्यालय स्तर पर की गई समीक्षा में यह सामने आया कि बड़ी संख्या में ऋण मामलों का निस्तारण नहीं हो सका, जिससे अनुसूचित जाति वर्ग के गरीब ऋणग्रस्तों को योजना का लाभ नहीं मिल पाया। इसी को ध्यान में रखते हुए योजना की अवधि का विस्तार किया गया है, ताकि अधिक से अधिक लाभार्थी लाभान्वित हो सकें।
जिला प्रबंधक ने बताया कि नई एकमुश्त समाधान योजना के अंतर्गत बकायेदारों को एकमुश्त भुगतान करने पर दंड ब्याज एवं चक्रवृद्धि ब्याज पूरी तरह माफ किया जाएगा। साथ ही ऋण की निर्धारित अवधि (36/60 माह, जो भी लागू हो) का केवल साधारण ब्याज लेकर ऋण मुक्ति प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा।
उन्होंने यह भी बताया कि आगामी त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव–2026 में प्रधान एवं सदस्य पद के प्रत्याशियों को नामांकन के समय अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम से अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। इस संबंध में पंचायती राज विभाग को अवगत करा दिया गया है।
योजना का लाभ लेने के इच्छुक ऋणग्रस्त अपने संबंधित खंड विकास अधिकारी अथवा निगम कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
जिला प्रबंधक ने बकायेदारों से अपील की है कि वे समय रहते योजना का लाभ उठाकर बकाया ऋण जमा करें और ऋण मुक्ति प्रमाण पत्र प्राप्त करें।







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