महाराष्ट्र।
थाणे के शाहपुर में मंगलवार तड़के बड़ा हादसा हो गया। थाणे के शाहपुर सरलाम्बे इलाके में समृद्धि महामार्ग के निर्माण कार्य के दौरान ब्रिज से क्रेन यानी गर्डर मशीन नीचे गिर गई, जिसमें करीब 17 लोगों की मौत हो गई और तीन घायल
हो गए. बताया जा रहा है कि 10-15 लोग अब भी अंदर फंसे हो सकते हैं। जानकारी के मुताबिक, करीब 200 फीट से क्रेन नीचे गिरी, जिसके बाद चारों ओर चीख-पुकार मच गई. हादसे की वजह अब तक साफ नहीं हो पाई है, लेकिन सूत्रों का कहना है कि ओवरलोड होने के चलते यह हादसा हुआ।
एनडीआरएफ की दो टीमें राहत और बचाव के काम में जुटी हुई हैं। पुलिस के मुताबिक इस इलाके में समृद्धि महामार्ग के फेस-3 का काम तेजी से किया जा रहा था। पुल के खंभों पर ब्रिज बनाने वाली क्रेन मौजूद थी. ब्रिज के गर्डर को इस क्रेन के माध्यम से ऊपर लेजाकर जोड़ा जा रहा था. क्रेन करीब 200 फीट की ऊंचाई पर थी। तभी शाहपुर इलाके में मंगलवार तड़के यह मशीन अचानक नीचे गिर गई। पुल के नीचे बड़ी संख्या में मजदूर मौजूद थे, जो इसकी चपेट में आ गए। मशीन के गिरने की असल वजहों का पता नहीं चल सका है. फिलहाल इसकी चपेट में आए लोगों को निकालने का काम तेजी से किया जा रहा है. बताया जा रहा है कि अभी भी एक दर्जन से अधिक लोग इसके नीचे फंसे हो सकते हैं।
शाहपुर पुलिस के मुताबिक इस हादसे में 17 लोगों की मृत्यु हुई है जबकि तीन अन्य घायल हो गए। समृद्धि महामार्ग के निर्माण कार्य के दौरान गर्डर लॉन्चिंग मशीन मशीन शाहपुर इलाके में नीचे गिर गई। मशीन का इस्तेमाल फेस-3 के काम के दौरान किया जा रहा था। इस संबंध में लापरवाही की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर पुलिस मामले की जांच कर रही है। प्रारंभिक जांच में ओवरलोड के चलते मशीन के नीचे गिरने की बात सामने आ रही है। पता लगाया जा रहा है कि इस क्षेत्र में महामार्ग के निर्माण का ठेका किस कंपनी को दिया गया था और उसका मालिक कौन है।
बता दें कि मुंबई-नागपुर समृद्धि महामार्ग का पहला चरण पूरा हो चुका है और 11 दिसंबर, 2022 को इसका उद्घाटन पीएम नरेंद्र मोदी ने किया था. नागपुर से मुंबई तक यह महामार्ग बनाया जा रहा है। पहले चरण के तहत नागपुर से शिरडी तक इसे शुरू किया जा चुका है। अन्य चरणों का काम अभी जारी है। जिसके तहत इसे शिरडी से मुंबई तक जोड़ा जाना है।







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