Good Daily News...


सोमवार, 2 अगस्त 2021

बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार निदेशालय द्वारा अनुपूरक पुष्टाहार वितरण हेतु निर्गत की गयी नवीन एसओपी


  जिलाधिकारी ने इससे जुडे सभी विभागो को अक्षरशः पालन किए जाने का दिए निर्देश

 अनुपूरक पोषाहार वितरण के प्रभावी अनुश्रवण के लिए त्रिस्तरीय गठित की गयी है समिति

 
ग्राम स्तरीय समिति के ग्राम प्रधान, ब्लाक निगरानी समिति के उपजिलाधिकारी एवं जिला निगरानी समिति के जिलाधिकारी होगें अध्यक्ष

   लाभार्थियों को प्रति माह तय मानक अनुसार दिए जायेगें गेहूॅ दलिया, चावल, दाल एवं मस्टर्ड/सोयाबिन खाद्य तेल

   निर्धारित मात्रा से कम दिए जाने पर होगी कठोरतम कार्यवाही

’ देवरिया(सू0वि0) 02 अगस्त।’ जिलाधिकारी आशुतोष निरंजन ने बताया है कि बाल विकास परियोजनाओं में स्थित आंगनवाडी केन्द्रो पर अनुपूरक पुष्टाहार की आपूर्ति वितरण के संबंध में नवीन एसओपी जारी की गयी है। अनुपूरक पोषाहार वितरण हेतु आवश्यक दिशा निर्देश भी दिए गए है।
       इस नवीन दिशा निर्देश अनुसार 06 माह से 03 साल के बच्चे, 03 से 6 साल के बच्चे, गर्भवती एवं धात्री महिला, 11 से 14 साल की किशोरियां, गंभीर रुप से कुपोषित को अनुपूरक पुष्टाहार तय मानक/मात्रा अनुसार उपलब्ध कराया जाएगा। 06 माह से 03 वर्ष के बच्चें को 01-01 किलोग्राम गेहूॅ दलिया, चावल, दाल एवं मस्टर्ड/सोयाबिन खाद्य तेल 0.455 किलोग्राम, 03 वर्ष से 06 वर्ष के बच्चें को 0.5-0.5 किलोग्राम गेहूॅ दलिया, चावल एवं दाल, गर्भवती एवं स्तनपान कराने वाली महिलायें एवं स्कूल से बाहर की 11 से 14 वर्ष की किशोरियों को 1.5 किलोगा्रम गेहूॅ दलिया, 01-01 किलोग्राम चावल व दाल तथा 0.455 किलोग्राम मस्टर्ड/सोयाबिन खाद्य तेल एवं अतिकुपोषित बच्चे को 1.5-1.5 किलोग्राम गेहूॅ, दलिया व चावल, 2 किलोग्राम दाल एवं 0.455 किलोग्राम मस्टर्ड/सोयाबिन खाद्य तेल प्रति माह दिया जाना प्राविधानित किया गया है।
       गेहूॅ दलिया, चना, दाल एवं मस्टर्ड/सोयाबिन खाद्य तेल की आपूर्ति नैफेड द्वारा आईसीडीएस से प्राप्त मांग अनुसार निर्धारित समय सीमा में प्रति माह ग्रामीण क्षेत्रों में परियोजना कार्यालय तक एवं शहरी क्षेत्रो में आंगनवाडी केन्द्रों पर की जायेगी। चावल की आपूर्ति खाद्य एवं रसद विभाग द्वारा कोटेदार की जायेगी।
       जनपद स्तर पर विभिन्न विभागो को इसके क्रियान्वयन का उत्तरदायित्व दिया गया है।  आई०सी०डी०एस० विभाग द्वारा मांग पत्र पोर्टल के माध्यम से अथवा ई-मेल द्वारा सम्बन्धित  आपूर्तिकर्ताओं को भारत सरकार से आवंटन प्राप्त होने पर त्रैमासिक रूप से प्रेषित किया जायेगा। सम्बन्धित आपूर्तिकर्ताओं द्वारा उक्त आधार पर प्रतिमाह आपूर्ति की जायेगी। परियोजना कार्यालय पर समस्त सामग्री पहुँचने पर सम्बन्धित बाल विकास परियोजना अधिकारी द्वारा सामाग्री के स्वयं सहायत समूहो द्वारा उठान के लिए बीएमएम को सूचित किया जायेगा। आंगनबाड़ी केन्द्र पर सामग्री की प्राप्ति की रसीद आंगनबाड़ी द्वारा स्वयं सहायता समूहों को उपलब्ध करायी जायेगी।
         खाद्य एवं रसद विभाग द्वारा कोटेदार के माध्यम से चावल की आपूर्ति की जायेगी। कोटेदारवार आवंटन की सूचना सम्बन्धित सम्भागीय खाद्य नियंत्रक, जिला खाद्य विपणन अधिकारी एवं जिला पूर्ति अधिकारी को दी जायेगी। कोटेदार द्वारा ब्लाक गोदाम से कोटे की दूकान तक निर्धारित समय सीमा के अन्तर्गत उठान की कार्यवाही की जायेगी। कोटेदार द्वारा यह सुनिश्चित किया जायेगा कि चावल का वितरण प्रत्येक लाभार्थी को टोकन प्रस्तुत करने एवं सम्बन्धित लाभार्थी की वहां पर उपस्थिति आंगनवाड़ी कार्यकत्री द्वारा अपने अभिलेखों से पुष्टि होने पर ही किया जाये।
      नैफेड द्वारा आपूर्ति की जाने वाली प्रत्येक सामग्री की अलग-अलग निर्धारित मात्रा में पैकिंग की जायेगी तथा लाभार्थीवार सभी सामग्री के पैकेट्स को एक बड़े कलर कोटैंड पैकेट में.(लाभार्थी किट) के रूप में आपूर्ति की जायेगी। शहरी क्षेत्र में आंगनबाड़ी केन्द्र तक एवं ग्रामीण क्षेत्रों में परियोजना कार्यालय तक सामग्री की आपूर्ति की जायेगी।  
      *यू०पी०एस०आर०एल०एम० एवं उनके महिला एस०एच०जी० की भूमिका -*    
          यू०पी०एस०आर०एल०एम० द्वारा आई०सी०डी०एस० से प्राप्त आपूर्ति आदेश के आधार पर सम्बन्धित डी०सी०एन०आर०एल०एम० को प्रत्येक समूह को परियोजना कार्यालय से उठान हेतु आवंटित खाद्यान्न की सूची उलपब्ध करायेगें एवं उसकी प्रति जिला कार्यक्रम अधिकारी को भी उपलब्ध करायेगें।
        इन व्यवस्थाओं के सत्त निगरानी एवं गुणवत्तापूर्ण कार्यो के लिए ग्राम, ब्लाक एवं जिला स्तर पर निगरानी समिति भी गठित की गयी है। ग्राम स्तर के समिति के अध्यक्ष ग्राम प्रधान, ब्लाक स्तरीय निगरानी समिति के अध्यक्ष उप जिलाधिकारी एवं जिला निगरानी समिति में जिलाधिकारी अध्यक्ष होगें।
       जिलाधिकारी श्री निंरजन ने अनुमन्य प्राविधानो का अक्षरशः पालन कराए जाने हेतु संबंधित अधिकारियों को कडे निर्देश दिए है। उन्होने कहा है कि किसी भी स्तर पर कोई शिथिलता नही होनी चाहिए, जिस विभाग को जो जिम्मेदारी दी गयी है, उसका वे पालन समयबद्धता के साथ सुनिश्चित करेगें।    
                     
Share:

0 comments:

एक टिप्पणी भेजें

Featured Post

एफएमडी टीकाकरण अभियान तेज, पशुपालक आधार से कराएं पंजीकरण

  बैतालपुर, देवरिया। राष्ट्रीय पशु रोग नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत खुरपका-मुंहपका (एफएमडी) टीकाकरण अभियान के आठवें चरण का कार्य विकास खंड ...

Definition List

Business

Unordered List

Technology

Support

Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipisicing elit, sed do eiusmod tempor incididunt ut labore et dolore magna aliqua Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipisicing elit.

Our Company Inc. 1238 S . 123 St.Suite 25 Town City 3333 Phone: 123-456-789 Fax: 123-456-789