देवरिया। जिलाधिकारी अखंड प्रताप सिंह ने बुधवार को गौरी बाजार ब्लॉक कार्यालय परिसर में दो दिवसीय चिंतन शिविर का शुभारंभ किया। चिंतन शिविर का आयोजन नीति आयोग के निर्देश के क्रम में किया गया है, जिसमें आकांक्षात्मक ब्लॉक गौरी बाजार को विकास के 39 पैरामीटर में अग्रणी बनाने के रोड मैप पर मंथन किया जाएगा।
कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की मंशा है कि विकास के क्षेत्र में कोई भी ब्लॉक पीछे न रहे। आकांक्षात्मक ब्लॉक योजना का उद्देश्य अल्पविकसित ब्लॉकों में रहने वाले लोगों को बुनियादी आवश्यकता प्रदान कर उनके जीवन की गुणवत्ता में सुधार करना है। आकांक्षात्मक ब्लॉक योजना में 5 प्रमुख सामाजिक आर्थिक विषयों पर आधारित 39 संकेतकों के आधार पर विकास कार्य किया जाएगा। जिसमें स्वास्थ्य और पोषण, शिक्षा, कृषि और जल संसाधन, अवसंरचना, वित्तीय समावेशन और कौशल विकास से जुड़े मानक शामिल है।
जिलाधिकारी ने कहा कि चिंतन शिविर में आ रहे सभी विकासपरक सुझावों को समाहित करते हुए एक विस्तृत कार्ययोजना बनाई जाए जिससे गौरी बाजार ब्लॉक आकांक्षात्मक ब्लॉक योजना के अंतर्गत चिन्हित सभी ब्लॉकों में अगुआ बन कर उभरे। उन्होंने कहा कि ब्लॉक के जनप्रतिनिधियों और विभिन्न विभागों के अधिकारियों के समन्वित प्रयासों से ही इस लक्ष्य की पूर्ति संभव है।चिंतन शिविर के दौरान शिक्षा, कृषि, चिकित्सा, आईसीडीएस, पंचायती राज विभाग, ग्रामीण विकास विभाग, बैंकिंग सेक्टर से जुड़े अधिकारियों द्वारा गौरी बाजार विकासखंड के विकास के संबंध में अब तक किए गए कार्यों का ब्यौरा प्रस्तुत किया तथा नीति आयोग द्वारा निर्धारित लक्ष्यों को प्राप्त करने के संबन्ध में कार्ययोजना प्रस्तुत की गई।चिंतन शिविर में विभिन्न ग्राम प्रधानों और संभ्रांत नागरिकों ने भी ब्लॉक के विकास के संबन्ध में सुझाव दिए। इससे पूर्व जिलाधिकारी ने पोषण माह के अंतर्गत आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की जन जागरूकता रैली को रवाना किया।इस अवसर पर सीएमओ डॉ राजेश झा, जिला विकास अधिकारी रविशंकर राय, पीडी अनिल कुमार, डीसी मनरेगा आलोक पांडेय, डीपीओ कृष्णकांत राय, एलडीएल अरुणेश कुमार, जिला युवा अधिकारी विकास तिवारी सहित विभिन्न अधिकारी मौजूद रहे।








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