देवरिया ।रुद्रपुर पत्रकार एकता समन्वय समिति, एवं भारतीय पत्रकार संघ की शनिवार दोपहर एक आवश्यक बैठक बस स्टेशन स्थित कैंप कार्यालय पर संपन्न हुई, जिसमें बलिया के पत्रकार द्वारा नकल माफियाओं के खिलाफ समाचार लिखने पर प्रशासन द्वारा जेल भेजने की कार्रवाई की घोर निंदा की गई । पत्रकारों ने कहा कि बलिया प्रशासन ने नकल माफियाओं को बचाने के लिए पत्रकारों को ही जेल भेज दिया जिससे सरकार की छवी दागदार हो रही है।
पत्रकार एकता समन्वय समिति के जिला महासचिव राम प्रताप पांडे ने कहा कि पत्रकार द्वारा नकल माफियाओं के खिलाफ खबर लिखने पर पत्रकार को ही जेल भेज दिया गया। पत्रकार चौथा स्तंभ कहा जाता है और सच्चाई लिखने पर प्रशासन पत्रकार के खिलाफ कार्यवाही कर रही हैं। भारतीय पत्रकार संघ के प्रदेश महामंत्री राजाराम गुप्ता ने कहा कि प्रशासन ने पत्रकार के खिलाफ एकतरफा कार्रवाई करके सरकार की स्वच्छ छवि को दागदार बना दिया है। बलिया प्रशासन तीनों पत्रकारों को तत्काल प्रभाव से रिहा करना चाहिए और दूसरी नकल माफियाओं के खिलाफ दंडात्मक कार्यवाही सुनिश्चित की जानी चाहिए।
भारतीय पत्रकार संघ के जिला अध्यक्ष रमेश यादव ने कहा कि बलिया के जिला प्रशासन ने नकल माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई की उजागर करने वाले पत्रकार को दोषी करार कर जेल भेज दिया।
पत्रकार एकता समन्वय समिति के तहसील अध्यक्ष विनय गुप्ता ने कहा कि योगी सरकार की सभी को प्रशासनिक अधिकारी दागदार बना रहे हैं लगातार प्रशासनिक कमियों को उजागर करने वाले पत्रकारों को दबाने का काम किया जा रहा है। बलिया प्रशासन ने नकल माफियाओं के खिलाफ सच लिखने वाले पत्रकार को जेल भेज दिया।
पत्रकार प्रभुनाथ उपाध्याय और विवेक पांडे ने बलिया प्रशासन की कार्रवाई की घोर निंदा की, और जेल में बंद तीनों पत्रकारों को योगी सरकार से रिहाई करने की मांग की है
बैठक में दोनो संगठनों के संयुक्त रूप से सभी पदाधिकारी और पत्रकार मौजूद रहे जो रिहाई होने तक रणनीति पर अपनी विचार कर रहे हैं।
बैठक में संतोष साह दिलीप पांडे रवि कांत तिवारी अंकित पांडे ओमप्रकाश विश्वकर्मा आदि उपस्थित रहे।






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